लॉकडाउन में मनरेगा से काम मिलने पर मजदूरों में खुशी

मनरेगा के तहत लोगों को स्थानीय स्तर पर मिल रहा काम

कोशी एक्सप्रेस: बी.चन्द्र की रिपोर्ट

                         मधुबनी: वैश्विक महामारी कोविड-19 के चलते लाॅकडाउन का सबसे ज्यादा असर देहाड़ी मजदूरों पर पड़ा है। उनका रोजगार पूरी तरह छिन चुका है। लेकिन मनरेगा ने मजदूरों के चेहरे पर एक बार फिर मुस्कान लौटाने का काम किया है। इससे प्रवासियों को भी मनरेगा के द्वारा काम दिया जा रहा है। मधुबनी जिला के 386 ग्राम पंचायतों में विकास कार्य शुरू कर प्रवासी मजदूरों को काम देते हुए रोजगार मुहैया कराया जा रहा है।

                       दिनांक-02.06.2020 तक मधुबनी जिला के 21 प्रखंडों में कुल नये निर्गत जाॅब कार्ड धारी की संख्या-20492, जिसमें कुल मजदूरों की संख्या-48249 है। मधुबनी जिला के अंतर्गत कुल 21 प्रखंडों में 89721 मजदूरों के द्वारा कार्य की मांग के आलोक में 88218 मजदूरों को कार्य दी गई है, जिससे आज तक 897733 मानव दिवस का सृजन किया गया है। कुल जल संरचना से संबंधित योजनाओं की संख्या- जिसमें (नहर, पईन, खेत-पोखर, सोखता जो प्रगति पर है) 715 है। प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत कुल 76002 योजनाओं पर कार्य प्रगति पर है।

              पौधरोपण से संबंधित कुल योजना (जिसपर कार्य प्रारंभ) 559 है। व्यक्तिगत श्रेणी की योजना(यथा-पी0एम0ए0वाई0जी0), निजी खेत-पोखर, पशु शेड, पाॅल्ट्री शेड, वर्मी कंपोस्ट इत्यादि पर कार्य प्रारंभ की योजना 77102 है।