सहरसा के नरियार में एक साथ दफनाये गये 6 शव,उमड़ा जनसैलाब

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दुख की घड़ी में जिला प्रशासन मृतकों के परिजन के साथ : एसडीओ

सहरसा : रविवार की अहले सुबह दिल्ली की अनाज मंडी में लगी आग में सहरसा जिले के 2 प्रखंड के 2 गांवों के 8 मजदूरों की मौत हो गयी थी. इनके शव मंगलवार व बुधवार की रात पैतृक गांव पहुंचे. शवों के पहुंचते ही परिजनों की चीख-पुकार से इलाका दहल गया. नरियार गांव में शव को दफनाने के लिए 7 कब्र खोद कर रखे गये थे. खुद सदर एसडीओ भी आज सुबह नरियार पहुंचे हुए थे.इससे पहले बुधवार को कहरा प्रमुख,बीडीओ,सीओ भी नरियार पहुंचकर पीड़ित परिजनों को संतावना दी । आज सुबह सभी शवों को दफना दिया गया.  गौरतलब है कि नरियार के 7 मृतकों में 6 की लाशें दिल्ली से लायी गयीं. कोई अपने जवान बेटों तो कोई अपने भाई के जनाजों को कंधा दिया।धर्म के अनुसार सभी की अंतिम विदाई दी गयी ।इसके बाद शव को कब्र के निकट ले जाने की बारी आयी. उस दृश्य को देखकर पत्थर दिल वालों का कलेजा भी कांप उठा. जवान बेटों,भाई, रिस्तेदारो को कंधा देने वाले की आंखों के आंसू सूख चुके थे. अपनी किस्मत को कोस-कोस कर खुदा से अपनी खता पूछ रहे थे ।

नरियार गांव पहुंचे सदर एसडीओ शंभू नाथ झा ने सभी मृतक के परिवार वालों से मिलकर शोक संवेदना व्यक्त किया । इस दौरान एसडीओ ने मृतक के परिजनों को सरकार द्वारा प्रदत्त लाभ देने की भी बात कहा और कहा कि इस दुख की घड़ी में जिला प्रशासन मृतकों के परिजन के साथ है।
मृतकों के अंतिम विदाई में प्रशासनिक अधिकारियों के साथ जदयू नेता अक्षय झा,पूर्व जिला परिषद उपाध्यक्ष रितेश रंजन,ज़िला पर्षद धीरेंद्र यादव,पूर्व जिला पार्षद प्रवीण आनंद,मुखिया प्रतिनधि दिनेश सिंह,समाजसेवी जावेद अनवर चांद, ग्रामीण टुनटुन सहित सैकड़ों की संख्या में लोग शामिल थे ।