पीपीएल और आईपीआरएस वालों की मनमानी पर सरकार लगाए अविलंब रोक

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आर्टिस्ट कार्ड धारी को बिहार में मिले कार्य करने की अनुमति : प्रोफेशनल आर्टिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन

पटना:  प्रदेश में अश्लील कार्यक्रमों पर लगाम लगाने हेतु प्रोफेशनल आर्टिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के बैनर तले राजधानी पटना के आईएमए हॉल में एक संवाददाता सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें  एसोसिएशन की ओर से कहा गया कि बिहार में सांस्कृतिक कार्यक्रम के नाम पर जो अश्लील कार्यक्रम हो रहे हैं या अश्लील गानों के निर्माण हो रहे हैं, उन पर प्रशासन अविलंब रोक लगाए। एसोसिएशन के अध्‍यक्ष धर्मेंद्र कुमार भारती ने कहा कि  बिहार और बिहार के बाहर के कलाकारों को एसोसिएशन द्वारा आर्टिस्ट कार्ड इश्यू किया गया था ताकि यह लोग सही तरीके से अपना कार्य कर सकें। लेकिन कुछ लोगों ने बिना आर्टिस्ट कार्ड के गलत तरीके से कार्य कर रहे हैं और इससे बदनामी एसोसिएशन की हो रही है। इसलिए हम चाहते हैं कि ऐसे लोगों पर कार्रवाई हो।उन्‍होंने कहा कि बिहार में आर्टिस्‍ट के नाम पर बाहर काम करने वाली लड़कियों पर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि बिहार में लड़कियां बहार से आती हैं और कहती हैं कि वह आर्टिस्ट हैं जबकि यह लड़कियां आर्टिस्ट के नाम पर गलत धंधा करती हैं। इससे बिहार में कला के क्षेत्र में माहौल खराब हो रहा है। इसलिए होटल मैनेजमेंट एसोसिएशन उनसे पहले आधार कार्ड के साथ आर्टिस्ट का डिमांड करें। साथ ही सभी कलाकारों से अपील करती है कि वह आकर संगठन को मजबूत करें आर्केस्ट्रा साउंड सारे काम कर रहे हैं।  जो लोग बिना रजिस्ट्रेशन बिना कार्यालय के सिर्फ मोबाइल से काम कर रहे हैं उनसे भी विनम्र आग्रह है कि वह अपनी संस्था का रजिस्ट्रेशन करवा लें साथी एसोसिएशन से अपना परिचय पत्र बनवा कर सही ढंग से काम करें।उन्‍होंने कहा कि एसोसिएशन सरकार से आग्रह करती है कि किसी भी प्रकार के शुभ कार्यक्रमों जैसे विवाह के मौकों पर हर्ष फायरिंग ना हो, क्‍योंकि ऐसे में अप्रिय घटनाएं तेजी से घट रही हैं। सांस्कृतिक कार्यक्रम में फायरिंग से कलाकारों के साथ साथ दुखद घटनाएं हो जाती हैं इसलिए इस पर अविलंब रोक लगे।  इसके अलावा प्रोग्राम ऑर्गेनाइजर इवेंट ऑर्गेनाइजर आर्टिस्ट और म्यूजिकल ग्रुप के लोगों से आग्रह है कि प्रोग्राम बुकिंग के समय पार्टी का आधार कार्ड लेकर ही बुकिंग करें साथ ही साथ फायरिंग ना हो इसके लिए उनसे आश्वासन लें इसके अलावा हम बिहार सरकार के प्रशासन को बताना चाहते हैं कि ध्वनि प्रदूषण के नाम पर जो सरकार ने समय तय किया है, उस म्यूजिकल ग्रुप पर कार्रवाई के बजाय प्रोग्राम करवाने वाले पर कार्रवाई हो, क्‍यों साउंड वाले उनके दवाब में ही म्‍यूजिक 10 बजे के बाद बजाते हैं।

उन्‍होंने कहा कि बिहार में इन दिनों पीपीएल (फोनोग्राफिक परफॉर्मेंस लिमिटेड) आईपीआरएस (इंडियन सोसायटी लिमिटेड लाइसेंस) के नाम पर अनाप-शनाप म्यूजिक एवं वीडियो करवा लेती के नाम पर अनाप-शनाप रुपया वसूला जा रहा है। इससे ऑर्गेनाइजर प्रोग्राम कराने में बहुत परेशान हो रहे हैं बिहार में प्रोग्राम राशि बढ़ जाने से प्रोग्राम की संख्या घट गई। अतः सरकार से आग्रह है कि बीपीएल और आईपीआरएस वालों की मनमानी पर अविलंब रोक लगाई जाए। संवददाता सम्‍मेलन में सचिव पप्‍पू गुंजन, कोषाध्‍यक्ष अरविंद कुमार जायसवाल समेत अन्‍य लोग मौजूद रहे।