मोबाईल की रौशनी में होता है इस अस्पताल में मरीजों का इलाज

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हाल ये दास्तान मंत्री के विधानसभा क्षेत्र का
सहरसा : सरकार जँहा एक तरफ स्वास्थ सुविधाओं को लेकर लाख दावे करती है वही दूसरी तरफ सिमरी बख्तियापुर अनुमंडल अस्पताल की ये तस्वीर सरकार के दावे की पोल खोल रही है।
ज़िले के एक मात्र अनुमंडल सिमरी बख्तियापुर अस्पताल की है जहां इमरजेंसी वार्ड में दिन में ही रात जैसा अंधेरा देखने को मिलता है और इस अंधेरे में ही अस्पताल में उपस्थित डॉक्टर मरीज की इलाज कर रहे है।
यह नजारा रविवार के दिन अनुमंडल अस्पताल में देखने को मिला।जहां घायल अवस्था में 12 वर्षिय चंदन कुमार नामक बच्चे को भर्ती कराया गया था जिसका ईलाज मोबाईल टॉर्च की रौशनी में की जा रही थी।इस दौरान जैसे ही ईलाज कर रहे डॉक्टर की नजर कैमरे पर पड़ी वैसे ही मरीज को छोड़कर चलते बने।
जब इस मामले में अपर चिकित्सा पदाधिकारी सह प्रभारी सिविल सर्जन डॉ0 सुरेंद्र कुमार सिंह से जानने की कोशिश की गई तो उन्होंने बताया कि आउटसोर्सिंग एजेंसी से पावर बेकअप अनुमंडल अस्पताल में पहले से ही उपलब्ध है अनुमंडल अस्पताल प्रभारी की लापरवाही की वजह से इस तरह का मामला सामने आता है इसकी जाँच कराई जाएगी और दोषियों के खिलाफ शख्त करवाई की जाएगी।
बताते चले की सिमरी बख्तियारपुर विधान सभा के विधायक दिनेश चंद्र यादव है जो बिहार सरकार में आपदा प्रबंधन मंत्री है और मंत्री जी के क्षेत्र के अस्पताल है यह आलम है तो आप सहज अंदाजा लगा सकते है कि अन्य जगहों के अस्पताल किसके भरोसे होगा जो एक यक्ष प्रश्न है ।