सड़क मार्ग की जगह अब ट्रेन से सरकारी चावल की कालाबाजारी !

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रेलवे स्टेशन पर पकडी गयी चावल की बोरी

सहरसा (ब्रजेश भारती) : गरीबों को सरकार द्वारा दिये जाने वाले सरकारी गरीबो के निबाले को बिचौलियो व डीलर व विधालय प्रधान बेच रहे है लेकिन स्थानिय प्रशासन मुकर्दशक बनी हुई है।विधालय में चलाये जा रहे एमडीएम योजना,सस्ते दर पर बीपीएल परिवारो को डीलर के द्वारा दिये जाने वाले अनाज योजना का क्या हाल है ये किसी से छुपी नही है।सरकार के द्वारा चलाये जा रहे इन योजवाओ के चावल का कालाबाजारी बड़े पैमाने हो रही हैं।

15 क्विंटल  कालाबाजारी का चावल रेलवे प्लेटफार्म से लावारिश हालत में बरामद

शनिवार को बख्तियारपुर पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर सिमरी बख्तियारपुर रेलवे स्टेशन से हाटे बाजारे एक्सप्रेस से चोरी छिपे चावल लेकर कालाबाजारी के लिये जा रहे 25 बोरा चावल बरामद किया। पुलिस को जेसे ही सूचना मिली कि कालाबाजारी का चावल ट्रेन से लेकर मानसी, नौगछिया की तरफ ले जायी जा रही है, पुलिस बल प्लेटफार्म पर पहुच कर कार्यवाही किया। सहायक अवर निरीक्षक मिथलेश सिंह ने बताया कि सूचना पर जेसे ही स्टेशन पहुंचा तो देखा कि हाटे बाजारे एक्सप्रेस में चावल चढाया जा रहा है। लगभग 8 बोरा चावल चढा भी दिया। लेकिन पुलिस को देखते ही वे स्टेशन पर भीड का फायदा उठाकर भाग गया। जब तक ट्रेन में चढाया गया बोरा उतारवाते तब तक गाडी खुल गयी थी। लेकिन प्लेटफार्म पर पर लगभग 25 बोरा चावल रखा था।

सिमरी बख्तियारपुर रेलवे स्टेशन पर पकडी गयी चावल की बोरी
सिमरी बख्तियारपुर रेलवे स्टेशन पर पकडी गयी चावल की बोरी

सरकारी चावल कि बड़े पैमाने पर सिमरी बख्तियारपुर से होती है कालाबाजारी

जिसे जप्त कर एसडीओ सुमन प्रसाद साह को सूचना दिया गया। उन्होने सूचना पर प्रखड आपूर्ति पदाधिकारी रजनीश रमन सिंह को भेजा। बीएसओ ने सभी चावल को टेम्पु पर लादकर थाना ले गया। बीएसओ श्री सिंह ने ने बताया कि चावल एफसीआई का है। चोरी छिपे डीलर से चावल की खरीद कर बेचने ट्रेन से लेकर जा रहा था। इस बाबत अनुमंडल पदाधिकारी सुमन प्रसाद साह ने कहा कि जप्त सभी चावल का जप्ती सूची बना दिया है। चावल पर कौन दावा करता है उनका इंतजार किया जा रहा है। चूंकि मामला रेलवे का है। रेलवे को सूचित किया गया है।

लंबे समय से चल रहा है ये कारोबार

सरकारी चावल डीलर व विभिन्न विधालयो के प्रधान से खरीद कर बाहर बेचने का ये गोरखधंधा लंबे समय से चल रहा है। इस कार्य में इन कालाबाजारी करने वालो को रेलवे स्टेशन पर तैनात कर्मी भी मदद करता है। यही कारण है कि ये गोरखधंधा बे रोक टोक किया जा रही था।स्थानिय लोगों का कहना है कि बिना रेलवे कर्मी के जानकारी के इतनी बडी संख्या में चालव का कालाबाजारी नही हो सकता है। जानकारी के अनुसार ये चावल मानसी एवं नौगछिया होते हुए दूसरे शहर तक जाती है। अधिकांश चावल सोनवरसा कचहरी, सिमरी बख्तियारपुर एवं कोपरिया स्टेशन से रात्रि को निकाला जाता है। बडी संख्या में ये कालाबाजारी का चावल ट्रेन के माध्यम से भेजा जाता है।