दो महीने से खुद को घर में कर रखा था कैद !

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बिहार के भागलपुर के जगदीशपुर के पास अंगारी गांव में एक ही परिवार के दस लोगों ने पिछले 2 महीने से खुद को कैद कर लिया था ! पड़ोसियों को पहले लगा कि वे कहीं बाहर गए हुए हैं,लेकिन जब पता चला कि वे अपने ही घर में कैद हैं तो उन्होंने पुलिस को इसकी सूचना दी, पुलिस शुक्रवार को उस मकान तक पहुंची जिसमें लोग बंद थे ! पुलिस ने परिवार के सभी सदस्यों से बाहर निकलने को कहा लेकिन कोई भी बाहर नहीं निकला परिवार के सदस्यों के निकलने से मना करने पर पुलिस दीवार फांदकर घर के अंदर पहुंची और दरवाजा खोलने के लिए कहा,लेकिन घर वालों ने इनकार कर दिया !

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पुलिस ने जब उन लोगों से बात कि तो उन्होंने जो कारण बताया,वह चौंकाने वाला था,जगदीशपुर के थानाध्यक्ष प्रवीण कुमार झा एवं एएसआई संजीव कुमार,बीके यादव ने परिवार को काफी समझाने की कोशिश की, मगर परिवार के लोग घर से बाहर आने के लिए तैयार नहीं हुए ! शुक्रवार देर शाम पुलिस ने कार्रवाई करते हुए सभी को घर से बाहर निकाला ! आखिर इन्हें क्यों कराना पड़ा हॉस्पिटल में भर्ती…! पुलिस ने बताया कि परिवार के सभी सदस्यों की जांच में पता चला कि उनका ब्लड प्रेशर कम हो गया है और सभी शारीरिक रूप से कमजोर भी हो गए हैं !इसलिए उन्हें हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया,कैद होने वालों में परिवार में हर उम्र के सदस्य शामिलपुलिस के अनुसार खुद को घर में कैद करने वालों में परिवार के मुखिया शंकर मंडल (50) के साथ ही उनकी पत्नी अर्चना देवी (40) बेटी अंजनी देवी (24) रीना कुमारी (20) कल्पना कुमारी (17) बेटा दशरथ कुमार (15) बेटी रूपा कुमारी (12) संतोष कुमार (10) बर्षा (7) और एक साल की नातिन शामिल हैं ! घर वालों ने पुलिस को बताया कि पिछले तीन महीनों में उनकी एक गाय और तीन बकरियां मर चुकी हैं ! खेतों में आलू, बैंगन, मक्का की फसल और आम के बागीचे पूरी तरह बर्बाद हो गए हैं ! उन्होंने जब एक तांत्रिक से संपर्क किया तो उसने बुरी आत्मा की बात कहकर इन लोगों को ऐसा करने के लिए कहा, जब पुलिस ने इनसे बाहर आने के लिए कहा था, तो इनका कहना था कि तांत्रिक ने घर के आगे नाले में कीलें गाड़ दी हैं, अगर हम उसे लाघेंगे तो सभी की मौत हो जाएगी !!

पत्रकार – Dharmendra Singh के पेज से ….