एसपी कार्यालय से कुछ दुरी पर चल रहा था गांजा का अवैध कारोबार, डीएम की छापेमारी में हुआ उजागर !

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सहरसा। पुलिस की बुधवार को उस समय किरकिरी हो गयी जब डीएम को गुप्त सुचना मिली कि एसपी ऑफिस से आधे किलोमीटर की दुरी पर मादक पदार्थ गांजा की खुलेआम बिक्री हो रही है। इस बात का खुलासा नहीं हो पाता अगर डीएम विनोद सिंह गुंजियाल कोसी महोत्सव के मद्देनजर सुरक्षा जायजा लेने के दौरान स्टेडियम के इर्द गिर्द मुआयना नहीं कर रहे होते।

जिला पदाधिकारी विनोद सिंह गुंजियाल
जिला पदाधिकारी विनोद सिंह गुंजियाल (फाइल फोटो)

डीएम को सुचना मिलते ही कचहरी स्टेशन के बगल में काली मंदिर के पास छापेमारी कर पांच किलो से अधिक गांजा सहित पांच लोगों को दबोच लिया गया। तीन भागने में कामयाब रहे जिसमे अवैध कारोबारी का सरगना भी शामिल है। छापेमारी के दौरान ही एसपी अश्वनी कुमार सहित अन्य पदाधिकारियों को इसकी जानकारी दी गयी। बाद में थानेदार को भी बुलाया गया तब जाकर सीजर लिस्ट तैयार हुआ। एसडीपीओ सुबोध विशवास ने बताया की डीएम साहब के नेतृत्व में छापेमारी के दौरान गांजा बरामद किया गया। इस दौरान परशुराम देव, बबन यादव, कवीन्द्र राम, अवनार राम और अमरदीप राम को गिरफ्तार कर लिया गया। शिवकुमार यादव, अफसर यादव और संजय यादव भागने में कामयाब रहा। अफसर और संजय के बारे में बताया जाता है कि यही कचहरी इलाके में गांजा के अवैध कारोबारी का सरगना है। बुधवार को जिस वक्त डीएम की मौजूदगी में छापेमारी चल रही थी अगल बगल के लोग दबी जुबान से पुलिस महकमे पर व्यंग्य कास रहे थे। आम लोगों का कहना था की पुलिस को सब पता है गांजा का कारोबार कौन और किसके संरक्षण में चल रहा है। कचहरी के लोगों ने डीएम को साधुवाद देते हुए कहा की कम से कम कोसी महोत्सव को लेकर भी तो प्रशासन सजग हुआ नहीं तो एसपी ऑफिस के आधे किलोमीटर से कम की दुरी में गांजा का अवैध कारोबार धरल्ले से जारी रहता। जिले में शायद यह पहला वाकया है जब डीएम को अवैध कारोबार की सुचना पर छापेमारी की गयी और इस धंधे में शामिल कई लोग पकड़े गये। अवैध कारोबारियों ने गांजा को तकिया के कवर में छुपाकर रखा था ताकि लोगों की नजर से बचाया जा सके। तकिया के खोल के अलावे अनेकों पुरिया में पैक गांजा भी जब्त किया गया है।